जगदलपुर

गुरु गोविन्द सिंह जी की जयंती को सिख समाज ने धूमधाम से मनाया

जगदलपुर/बस्तर न्यूज

गुरु गोविंद सिंह जी की 360वीं जयंती को आज सिख समाज ने धूमधाम से मनाई। जिसमें रायपुर से पधारे प्रदीप सिंह व साथियों (कीर्तन जत्था) ने गुरु की जीवनी को भजन के माध्यम से लोगों को सुनाया। कीर्तन के बाद ज्ञानी द्वारा गुरू का अरदास किया गया।

उसके उपरांत गुरू का लंगर सभी संगतों ने ग्रहण किया। जयंती पर अन्य समाज के लोगों के साथ सिख समाज ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

सिख समाज के दसवें गुरु गुरु गोविंद सिंह जी का जीवन परिचय
1. पूरा नाम : गुरु गोविंद सिंह

2. जन्म : 22 दिसंबर 1666

3. जन्म स्थान : पटना साहिब, बिहार

4. पिता : गुरु तेग बहादुर (नौवें सिख गुरु)

5. माता : माता गुजरी

6. सिखों के दसवें और अंतिम गुरु

7. गुरु बने : 1675 ई. में (9 वर्ष की आयु में)

8. मुख्य उद्देश्य : अत्याचार का विरोध और धर्म की रक्षा

9. खालसा पंथ की स्थापना : 1699 ई., आनंदपुर साहिब

10. पाँच ककार : केश, कंघा, कड़ा, कृपाण, कच्छा

11. नारा दिया : “वाहेगुरु जी का खालसा वाहेगुरु जी की फतेह “

12. समानता के समर्थक : जाति-पाति का विरोध

13. महान योद्धा : मुगल अत्याचार के विरुद्ध संघर्ष

14. चारों पुत्र : धर्मयुद्ध में शहीद

15. ग्रंथ साहिब : गुरु ग्रंथ साहिब को अंतिम गुरु घोषित किया

16. लेखन : दसम ग्रंथ के रचयिता माने जाते हैं

17. व्यक्तित्व : साहसी, न्यायप्रिय, वीर

18. धर्म : सिख धर्म

19. निधन : 7 अक्टूबर 1708

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *