रायपुर। आज उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने अपने निवास कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश सरकार की नक्सल उन्मूलन नीति, बस्तर पंडुम महोत्सव और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जी के प्रस्तावित छत्तीसगढ़ प्रवास पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने स्पष्ट किया कि सरकार नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में एक भी गोली चलना नहीं चाहती। न ही केंद्र सरकार और न ही राज्य सरकार इस दिशा में हिंसा को बढ़ावा देना चाहती है। सरकार की मंशा है कि नक्सली मुख्य धारा में लौटें और समाज के साथ सकारात्मक योगदान दें। इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ में देश की सबसे प्रभावी और उदार आत्मसमर्पण नीति लागू की गई है। इस नीति के तहत बड़ी संख्या में नक्सली आत्मसमर्पण कर समाज की मुख्य धारा में लौट रहे हैं।
उप मुख्यमंत्री ने बताया कि बस्तर की संस्कृति, स्वाभिमान और गौरव को उजागर करने वाला ‘बस्तर पंडुम’ महोत्सव आयोजित किया जा रहा है, जो 2 अप्रैल से 5 अप्रैल तक चलेगा। इस महोत्सव में बस्तर की सांस्कृतिक विविधता, पारंपरिक नृत्य, गीत, लोक कला, आभूषण, परिधान और स्थानीय व्यंजनों की भव्य प्रस्तुति की जाएगी।अब बस्तर अपनी मूल संस्कृति को सहेज रहा है । प्रसिद्ध कवि कुमार विश्वास ‘बस्तर के राम’ विषय पर व्याख्यान देंगे। जिसमें भगवान श्रीराम और बस्तर के ऐतिहासिक संबंधों पर प्रकाश डाला जाएगा।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने जानकारी दी कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 4 अप्रैल की रात रायपुर पहुंचेंगे और 5 अप्रैल की सुबह दंतेवाड़ा प्रस्थान करेंगे। वहां वे माँ दंतेश्वरी के दर्शन करेंगे और बस्तर पंडुम महोत्सव के समापन समारोह में शामिल होंगे। साथ ही वे बस्तर के स्थानीय जनप्रतिनिधियों, सुरक्षा बलों के कमांडरों और अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक करेंगे। इसके उपरांत वे रायपुर लौटकर प्रशासनिक बैठक में भाग लेंगे। सरकार का लक्ष्य प्रदेश के हर क्षेत्र में विकास को पहुँचाना है। बस्तर में हो रहे सकारात्मक बदलाव इस बात का प्रमाण हैं कि सरकार की योजनाएँ सही दिशा में कार्य कर रही हैं। उन्होंने सभी नागरिकों से बस्तर पंडुम महोत्सव में भाग लेने और प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को संजोने का आग्रह किया।